राष्ट्रीय शिक्षा नीति पर एक दिवसीय कार्यशाला संपन्न

कटघोरा – (सत्यम जायसवाल )
मानव सभ्यता के विकास में शिक्षा एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते आया है। देश, काल,परिस्थिति के आधार पर और आवश्यकता के आधार पर शिक्षा को निर्बाध गति से समाज में प्रचारित,प्रसारित करना चाहिए। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 एक ओर भारतीय परिपेक्ष में नैतिकता और मूल्य परक शिक्षा की बात करता है तो वहीं दूसरी तरफ भौतिक विकास और उपलब्धि को प्राप्त करते हुए विकसित राष्ट्र की श्रेणी में जाने का सपना भी देख रहा है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति को सफल बनाने के लिए पालक,विद्यार्थी और शिक्षक सहित पूरे व्यवस्था सरकारी एवं गैर सरकारी को भी ध्यान देना चाहिए और आगे आकर कार्य करना चाहिए। तब कहीं जाकर वह सही रूप में लागू हो पाएगा। उक्त उदगार जय बूढ़ा देव कला एवं विज्ञान महाविद्यालय कटघोरा के प्राचार्य प्रो प्यारेलाल आदिले ने *राष्ट्रीय शिक्षा नीति का छत्तीसगढ़ में क्रियान्वयन हमारा दायित्व* विषय पर बोलते हुए विचार व्यक्त किया।

कार्यक्रम के प्रारंभ में प्रो.सी.एस. रात्रे ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति की तकनीकी जानकारी को विस्तृत रूप से विद्यार्थियों को बतलाया। तत्पश्चात डॉ.ताहिरा खान,प्रो.जी.लता कंवर,प्रो.चंद्रकली अनन्त, प्रो. निधि जायसवाल सहित दुर्गेश महिपाल,माधुरी जायसवाल, सुनील जायसवाल एवं धर्मेंद्र शामिल रहे। इस कार्यक्रम में कला एवं विज्ञान संकाय के स्नातक उत्तीर्ण छात्रों ने भाग लिया जिन्हें स्नातकोत्तर की कक्षा में पढ़ने के लिए विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। कार्यक्रम का संचालन प्रो.निधि जायसवाल ने किया। कार्यक्रम में छात्रों की ओर से दीपक कुमार, सुजाता, सुमित्रा,निधि,देवेश, संदीप, रौशनी, पूर्णिमा,प्रियंका रेवती ने अपना विचार प्रकट किया। कार्यक्रम के समापन में धन्यवाद ज्ञापन राष्ट्रीय सेवा योजना महिला इकाई की कार्यक्रम अधिकारी डॉ.ताहिरा बेगम खान ने किया।




