संस्कार भारती जिला इकाई द्वारा दस दिवसीय चित्रकला समापन कार्यशाला

कटघोरा (सत्यम जायसवाल ) संस्कार भारती जिला इकाई कोरबा की संयोजन समिति कटघोरा द्वारा स्वामी आत्मानंद स्कूल में 1जून से 10 जून तक आयोजित दस दिवसीय ग्रीष्मकालीन चित्रकला कार्यशाला का समापन समारोह कार्यक्रम के मुख्य अभ्यागत
गोपाल अग्रवाल – अध्यक्ष अग्रसेन कन्या महाविद्यालय कोरबा , अध्यक्षता – कामेश्वर धर दीवान संस्कार भारती जिला इकाई के अध्यक्ष कोरबा, एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में जुड़ावन सिंह ठाकुर, अशोक तिवारी, डा गोपालबन गोस्वामी, संस्कार भारती के प्रांतीय महामंत्री हेमन्त माहुलिकर , एम एस कवर प्रिंसिपल – स्वामी आत्मानंद विद्यालय , हेमलता सिदार अध्यक्ष आयोजक समिति उपस्थित रही।
आयोजित इस समारोह में बच्चों द्वारा बनाई गई चित्रकला की प्रदर्शनी भी आयोजित की गई।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती, मां भारती और नटराज प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। तत्पश्चात श्रीमती रामकुमारी देवांगन के नेतृत्व में संस्कार भारती के ध्येय गीत का सम्यक स्वर में गायन किया गया।
संयोजक हेमलता सिदार ने अपने स्वागत उद्बोधन में सभी अतिथि का स्वागत करते हुए दस दिवसीय कार्यशाला की प्रगति की जानकारी अतिथियों के समक्ष रखी। कार्यशाला में पेंटिंग के माध्यम से बच्चों को भारतीय संस्कृति और कला की जानकारी दी जा रही है। स्केचिंग में रेखाओं, अनुपात और अवलोकन कौशल का महत्व समझाया गया। साथ ही भारतीय संस्कृति पारंपरिक कला के महत्व से भी बच्चों को परिचित कराया गया।

बच्चे स्वतंत्र रूप से स्केचिंग, पेंटिंग, पेंसिल चित्र और रंगों का संतुलित उपयोग करना सीखे हैं। कार्यशाला में बच्चों को यह भी बताया गया कि चित्रकला हमारी सोच सृजनात्मकता और समाज को नए दृष्टिकोण से देखने की प्रेरणा देती है। संस्कार भारती का प्रयास है कि बच्चे भारतीय कला को समझें और उसे आगे बढ़ाएं।
इस अवसर पर मुख्य अभ्यागत गोपाल अग्रवाल ने कहा मोबाइल के बढ़ते प्रभाव के बीच ऐसी कार्यशालाएं बच्चों के रचनात्मक और सांस्कृतिक विकास के लिए महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने संस्कार भारती के प्रयासों की सराहना की। इस कला को आगे बढ़ावे जीवन में काम आयेगा, जो सीखते है वही आगे बढ़ते है।
प्रांतीय महामंत्री माहुलिकर अपने उद्बोधन में भारतीय कला दृष्टि और इसके महत्व पर प्रकाश डालते हुए बच्चों को चित्रकला के नियमित अभ्यास हेतु प्रोत्साहित किया ।

इस कार्यशाला के प्रशिक्षक संदीप सारथी ने अपने उद्बोधन में संस्कार भारती द्वारा किये जा रहे आयोजनों की सराहना की तथा बच्चों के प्रयासों की भूरी-भूरी प्रशंसा की।
डॉ गोपालबन गोस्वामी ने बच्चों को अपना आशीर्वाद देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं प्रेषित की। चित्रकला शिविर जैसे कार्यक्रम होते रहना चाहिए।
संस्कार भारती के जिला अध्यक्ष कामेश्वर धर दीवान ने कहा कार्यशाला ने प्रतिभागियों को नई तकनीकों और शैलियों के साथ प्रयोग करने के लिए प्रेरित किया है। उन्होंने कहा कि मुझे विश्वास है कि यह कार्यशाला प्रतिभागियों के लिए एक महत्त्वपूर्ण अनुभव साबित होगी और उन्हें अपनी कलात्मक यात्रा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी।
प्राचार्य कंवर ने कहा कि संस्कार भारती द्वारा आयोजित इस चित्रकला कार्यशाला के माध्यम से न केवल प्रतिभागियों की कलात्मक क्षमताओं को उजागर किया है, बल्कि उन्हें अपनी रचनात्मकता को व्यक्त करने के लिए एक मंच भी प्रदान किया है। जो हमारे शिक्षा में गतिविधियां आती है जो भावनात्मक लगाव मूर्त रूप से होता है।
संस्कार भारती के प्रांतीय कोषाध्यक्ष जागेश्वर सिंह मानसर के मार्गदर्शन में तथा कन्हैया यादव के दिशा निर्देशन कार्यशाला संपन्न हुई।
इस अवसर पर दो वर्गों में चित्रकला प्रतियोगिता का भी दो वर्गों में किया गया जिसमें बाल वर्ग में प्रथम आर्या, द्वितीय स्थान पर जाह्नवी तथा तृतीय स्थान पर खुशाल गोपाल रहे वहीं किशोर वर्ग में तनिष्का सिंह प्रथम, द्वितीय स्थान पर मनीर पटेल तथा तृतीय स्थान पर माल्या गोपाल रहे।विजयी प्रतिभागियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
कुल 70 बच्चों का पंजीयन हुआ दस दिवसीय चित्रकला कार्यशाला में 50 प्रतिशत से अधिक बच्चों ने फेस बनाना सीख लिया और कई बच्चों ने तो एक से दो घंटे में हूबहू चेहरा बनाना सीख गए।जैसे सिद्धार्थ जायसवाल ने संदीप सारथी मास्टर ट्रेनर एवं थानेदार धर्मनारायण तिवारी कार्यकर संयोजक शिवशंकर जायसवाल का हूबहू फोटो बनाकर मिसाल पेश कर दिए।
कार्यक्रम संयोजक शिवशंकर जायसवाल द्वारा अपने टीम के साथ सभी मंचस्थ अतिथियों को एक एक मोमेंटो स्मृति चिन्ह स्वरूप दिया गया।
समापन समारोह में समस्त प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र तथा पुरस्कार वितरित किए गया । कार्यशाला में योगदान देने वाले प्रशिक्षक संदीप सारथी को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
संचालन भवानी सर एवं
कार्यक्रम संयोजक द्वारा
ने संस्कार भारती की ओर से उपस्थित अतिथियों, समस्त दानदाताओं,स्कूल प्रबंधन व सभी पालकों का आभार प्रकट किया। और कहा कि दस दिवसीय में
इस अवसर पर पी एन योगि,राज यादव, प्रतिमा केंवट, आशीष शर्मा, उमेशवरी , विजया राजपूत, संतोष साहू , रामायण जायसवाल, देवेंद्र डिक्सेना , श्रीकांत साहू, उपस्थित रहे। कल्याण मंत्र से कार्यशाला का समापन किया गया।




