श्री रामचरित मानस कथा एवं शिव महापुराण कथा प्रारंभ

रामेश्वरम ( शिवशंकर जायसवाल )
रामचरित मानस कथा एवं शिव महापुराण कथा 21 दिसंबर से गुजराती धर्मशाला में सायं 4 बजे से प्रारंभ हो गया है।
कथा के पूर्व साय 3.30 बजे कलश यात्रा निकाली गई। कलश यात्रा में समुद्र से कलश में जल भरकर लाया गया।उसके बाद प. अनुज शास्त्री द्वारा रामचरित मानस पुस्तक का विधि विधान पूजा पाठ कर कथा प्रारंभ किया गया। कथा श्रवण करने के लिए कोरबा जिले एवं बिलासपुर संभाग से 500 से अधिक श्रद्धालुगण उपस्थित है। प.अनुज शास्त्री कथा वाचन भजन कीर्तन एवं एवं संगीत के साथ कथा प्रवचन कर रहे है।कथा प्रवचन सुनने के लिए लोग 1500 से 2000 किलोमीटर दूर से उपस्थित हुए हुए है।
27 दिसंबर तक चलने वाली कथा आज तारीख से रामेश्वरम में परमेश्वर देवांगन सपत्नीक (श्रीमती ललिता) देवांगन , कीर्तन देवांगन उनकी माता मंगली बाई देवांगन के आशीर्वाद से एवं उनके समस्त भाईयो के सौजन्य से छुरी कोरबा निवासी द्वारा 21दिसंबर दिन सोमवार से प्रारंभ हो गया है। जिसमें काफी संख्या में लोग उपस्थित है।

भगवान को प्राप्त करने के लिए तीन सेवा बताया गया है तन सेवा कोई भी कार्य करके ,मन सेवा मन से भगवान को याद करना, तीसरी सेवा धन सेवा मंदिर में अर्थ सहयोग देकर किया जा सकता है।





