लक्ष्य बनाकर परिश्रम करें, यही मेहनत भविष्य में सशक्त समाज और राष्ट्र निर्माण का बनेगी आधार
लक्ष्य बनाकर परिश्रम करें, यही मेहनत भविष्य में सशक्त समाज और राष्ट्र निर्माण का बनेगी आधार

कॉलेज में वार्षिकोत्सव ‘उड़ान 2024’ का भव्य आयोजन

कोरबा- कटघोरा (शिवशंकर जायसवाल)। शासकीय मुकुटधर पांडेय महाविद्यालय, कटघोरा में दो दिवसीय वार्षिक महोत्सव ‘उड़ान 2024’ का आयोजन 2 और 3 जनवरी को उत्साह और गरिमा के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कटघोरा विधायक प्रेमचंद पटेल ने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा, “लक्ष्य बनाकर परिश्रम करें, क्योंकि यही मेहनत भविष्य में सशक्त समाज और राष्ट्र निर्माण का आधार बनेगी।” उन्होंने महाविद्यालय में संसाधनों की कमी न होने का आश्वासन दिया। प्राचार्य डॉ. मदनमोहन जोशी ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए महाविद्यालय की उपलब्धियों और योजनाओं की जानकारी दी। डीएमएफ फंड से बालिका छात्रावास निर्माण, शत-प्रतिशत डिजिटल बोर्ड, कंप्यूटरीकृत लाइब्रेरी और आधुनिक खेल सुविधाओं का उल्लेख किया गया। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और पारंपरिक छत्तीसगढ़ी व्यंजनों के बाल मेले ने इस महोत्सव को विशेष बना दिया।
समारोह में खेल-कूद और सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं ने छात्रों की प्रतिभा को उजागर किया। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ जैसे सामाजिक विषयों पर आधारित नाटक, लोकनृत्य, डिजिटल साक्षरता, और देशभक्ति के प्रदर्शन ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। खेल प्रतियोगिताओं में 100 मीटर दौड़, रिले रेस, कबड्डी, वॉलीबॉल, कुर्सी दौड़, रस्साकशी और जलेबी दौड़ प्रमुख रहे। राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को ट्रैकसूट, टी-शर्ट और प्रमाणपत्र प्रदान किए गए। पुरस्कार वितरण में शैक्षणिक उपलब्धियों पर भी ध्यान दिया गया। बीकॉम प्रथम वर्ष की गार्गी चिंजवानी, बीए अंतिम वर्ष की फिरदौस परवीन, और बीएससी अंतिम वर्ष की दिव्या गर्ग समेत अन्य प्रतिभावान छात्रों को सम्मानित किया गया। रासायन शास्त्र में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने पर गुफरान हसन और श्वेता यादव को नकद पुरस्कार (₹11,000) दिया गया।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि जनभागीदारी समिति के अध्यक्ष गंगा पटेल, डॉ. पवन सिंह, विवेक मार्कण्डेय, पारस श्रीवास, लक्ष्मी तिवारी, आत्मा नारायण पटेल, बजरंग पटेल, राजेंद्र टंडन, संजय शर्मा (जिला मंत्री), डाकेश्वर शुक्ला, समजीत सिंह, मन्नू राठौर, आलोक पांडेय, रूपेश डिकसेना, सौरव कुर्रे, किशन केशरवानी, चिंटू अग्रवाल, और नितिन देवांगन समेत 20 अन्य गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। कार्यक्रम के सफल आयोजन में महाविद्यालय के 50 से अधिक प्राध्यापकगण, स्टाफ और छात्रों का सहयोग सराहनीय रहा। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के समन्वयक डॉ. शिवदयाल पटेल और डॉ. पूनम ओझा ने संचालन किया, जबकि आभार प्रदर्शन डॉ. धरमदास टंडन ने किया। दो दिनों तक चले इस महोत्सव ने छात्रों को आत्मविश्वास और अपनी प्रतिभा को प्रदर्शित करने का मंच दिया, जो महाविद्यालय और छात्रों के उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रेरणादायक रहेगा।
